Saturday, 31 March, 2012

आज का मुक्‍तक

मेरी यादों का भुलाना, तुम्‍हारे बस में नहीं ।
या मुझे याद न आना, तुम्‍हारे बस में नहीं ।
यूँ ही धड़केगा सदा,‍ सिर्फ  तुम्‍हारी  ख़ातिर..
दिल ये पागल ये दिवाना, तुम्‍हारे बस में नहीं ।

Friday, 30 March, 2012

आज का मुक्‍तक


मीत  का अनुकरण  प्रेम है ।
प्रीतवत्  आचरण  प्रेम  है ।
हर  कदम  साथ चलते हुए
स्‍वार्थ का विस्‍मरण  प्रेम है ।

Thursday, 29 March, 2012

आज का मुक्‍तक......

भाव  का  संचरण  प्रेम   हैं  ।
नयन  का  जागरण  प्रेम है  ।
मुस्‍कुराते  हुए   उम्र- भर ....
दर्द  का  सह-वरण  प्रेम  है ।

Wednesday, 28 March, 2012

आज का मुक्‍तक......

पीर का सम्‍वरण  प्रेम है ।
नींद का अपहरण  प्रेम है ।
याद की झील में डूब कर..
अनवरत इस्‍मरण  प्रेम है ।

Tuesday, 27 March, 2012

आज का मुक्‍तक......

शत्रुता  का  हनन तो  करो ।
नेह भीगा  कथन  तो  करो ।
भाव रखकर सघन  प्रेम  का..
मित्रता  का जतन  तो करो ।

Monday, 26 March, 2012

आज का मुक्‍तक......

पांव में  कब थकन  चाहिए ।
बस, हृदय में तपन  चाहिए ।
प्रेम  में त्‍याग बलिदान का..
अनवरत इक  हवन  चाहिए ।

Sunday, 25 March, 2012

आज का मुक्‍तक......

आप जब मुस्‍कुरा कर  मिले ।
खिल गए फूल सब अधखिले ।
है  निवेदन   यही   आपसे...
बंद हों अब न ये सिलसिले ।

Saturday, 24 March, 2012

आज का मुक्‍तक........

सत्‍य का  बहुवचन  प्रेम है ।
शून्‍य का  आकलन  प्रेम है ।
तुम गुणा करके भी देख लो..
प्रेम   का  आयतन  प्रेम है ।

Friday, 23 March, 2012

नव वर्ष / नवसंवतसर की शुभकामनाएं

जीवन में सफलता  का संघर्ष सकल  शुभ हो ।
सद्कर्म साहित्‍य सृजन उत्‍कर्ष सकल शुभ हो ।
सुख समृद्धि यश वैभव पग  चूमे सदा प्रियवर..
नूतन   स्‍पर्श-भरा  नववर्ष  सकल  शुभ  हो ।।


भारतीय नववर्ष चैत्र प्रतिपदा विक्रम संवत् 2069 की हार्दिक शुभकामनाएं ।।

Thursday, 22 March, 2012

आज का मुक्‍तक......

नेह  का संकलन  प्रेम  है  ।
भावना का सृजन  प्रेम  है  ।
ब्‍याज में प्रेम दो याकि लो...
प्रेम का  मूलधन  प्रेम  है  ।

Wednesday, 21 March, 2012

आज का मुक्‍तक......

अनकही-सी  कहन के  लिए ।
अनछुई-सी  छुअन के  लिए । 
आइये,  पास    जाइए ...
अनचुभी-सी  चुभन के  लिए ।

आज का मुक्‍तक......


चित्‍त का  उत्‍खनन तो करो ।
सत्‍य का  आकलन तो करो ।
प्रेम क्‍या सिर्फ़ मिलना ही है..
थोड़ा चिंतन मनन तो करो  ।

Friday, 16 March, 2012

आज का मुक्‍तक......


कुछ हृदय से यतन  कीजिए ।
प्रीत  का  अंकुरण  कीजिए ।
मात्र  अर्पण  समर्पण  नहीं...
प्रीत का वन  सघन  कीजिए ।

Thursday, 15 March, 2012

आज का मुक्‍तक


आपसे फिर मिलन, हो न हो ।
फिर ये  दीवानापन, हो न हो ।
आज रोको    संवेग  को..... 
प्रीत का फिर सृजन, हो न हो ।

Wednesday, 7 March, 2012

होली शुभ हो

 0000  रंगपर्व-होली की शुभकामनाएं  000

आओ हम मिलकर लड़ें, हर नफ़रत से जंग ।।
तन-मन पर ऐसा चढ़े, अमिट प्रेम  का रंग ।।। 


आज नशे में गुम हुआ, होली का हुड़दंग ।। 
ढप्‍प नगाड़े क्‍या हुए, कहां खो गई चंग  ।।। 


Monday, 5 March, 2012

पश्चिम बंगाल में रेलवे

पिछले माह पश्चिम बंगाल जाना हुआ, देखा कि रेलवे का इन्‍फ्रास्‍ट़्रक्‍चर जितना बिहार और बंगाल में विकसित है, उतना उत्‍तर में, दिल्‍ली/उ0प्र0 की तरफ नहीं है । बहुत छोटे स्‍टेशन भी इधर के खासे बड़े स्‍टेशनों से बड़े, विकसित और सुविधासम्‍पन्‍न हैं, ये फोटो खड़गपुर और जलेश्‍वर के बीच के छोटे-से स्‍टेशन'बेलदा' का है, यहां उतर कर मुझे मिदनापुर जिले के सुदूर प्रकृति की गोद में बसे गांव- लालपुर के लिए बस लेनी थी, रेलवे स्‍टेशन ऐसा लगरहा था जैसे कि हापुड़ या रामपुर के भी नहीं ।

Sunday, 4 March, 2012

20वें विश्‍व पुस्‍तक मेले, नई दिल्‍ली में मेरी पुस्‍तक का लोकार्पण

विश्‍व पुस्‍तक मेले में इग्‍नू सहित तमाम प्रमुख विश्‍वविद्यालीय पुस्‍तको के खास प्रकाशक' गुली बाबा प्रकाशन' की स्‍टाल पर एम0ए0पाठ्यक्रम के लिए मेरी पुस्‍तक ' उपभोक्‍ता अध्‍ययन' का लोकार्पण पर्यावरणविद् श्री विनय कंसल के द्वारा संपन्‍न हुआ । बीच में हैं- गुल्‍लीबाबा पब्लिकेशंस प्रा0लि0 के निदेशक श्री दिनेश वर्मा ---